लखनऊ । सूचना एवं जनसंपर्क विभाग निदेशालय द्वारा पिछले 5 वर्षों से मान्यता समिति की बैठक न होने के कारण पत्रकारों की मान्यता अधर में पड़ी हुई है जिसके लिए शासन प्रशासन गंभीर दिखाई नहीं पड़ रहा है पिछले 5 सालों से सूचना विभाग की माने तो मान्यता संबंधी कोई बैठक आहूत नहीं की गई जिससे विभिन्न जनपदों में पत्रकारों की मान्यता संबंधी फाइलें लंबित है लेकिन शासन स्तर पर निरंतर पत्रकारों की उपेक्षा से पत्रकारों का समूह उग्र दिखने लगा है भारतीय जननायक पार्टी के जिला अध्यक्ष एवं जनपद के वरिष्ठ पत्रकार सतीश चंद्र शुक्ला सत्पथी ने इस संबंध में माननीय हेमंत तिवारी नवनिर्वाचित अध्यक्ष जी को पत्र लिखकर अवगत कराते हुए कहा कि शासन स्तर से विभिन्न जनपदों में पड़ी लंबित फाइलों का यथाशीघ्र अपने स्तर से निस्तारण करने में आवश्यक सहयोग करने का कष्ट करें जिससे पत्रकारों का मनोबल कहीं से हतोत्साहित न होने पाये और उन्हें शासन प्रशासन में समाचार संकलन में कोई असुविधा न होने पाये।
आगे श्री शुक्ल सत्पथी ने जनपद के यूपी तक के वरिष्ठ पत्रकार के साथ प्रदेश के काबीना मंत्री गिरीशचंद्र यादव द्वारा अमर्यादित आचरण किये जाने की निन्दा करते हुए कहा कि यह मंत्री महोदय की सरासर गुंडई परिलक्षित होती है लोकतंत्र के चौथे स्तम्भ के साथ मंत्री महोदय के कृत्य की चारों तरफ निन्दा हो रही है चाटुकार नेता अपनी कुर्सी बचाने के लिए मंच पर बगली झांकने को विवश दिखे । पत्रकार हैं तो सवाल पूछेंगे ही मां शीतला धाम के सौन्दर्यीकरण के लिए शासन से आवंटित धन के सापेक्ष किस मद में कहां कहां क्या कार्य कराया गया जिलाधिकारी महोदय को इसका ब्यौरा सार्वजनिक करना चाहिए अन्यथा सवालों का जबाब तो देना ही होगा
सूचना निदेशक द्वारा पिछले पांच सालों में मान्यता समिति की कोई बैठक नहीं
विभिन्न जिलों में मान्यता सम्बंधित फाईलें लम्बित

