भारतीय विश्वविद्यालय संघ में गो.वि.वि. का प्रतिधिनित्व करेगें शोधार्थी
भारतीय विश्वविद्यालय संघ (AIU) के वार्षिक प्रतियोगिता अन्वेषण 2024 के लिए गो.वि.वि. ने अपनी सहभागिता सुनिश्चित करने हेतु प्रयास शुरू कर दिए हैं। इसी कड़ी में भौतिकी विभाग के डॉ. अंबरीश कुमार श्रीवास्तव को समन्वयक नियुक्त किया गया है। अन्वेषण भारतीय विश्वविद्यालय संघ द्वारा युवा शीधार्थियों में शोध अभिरुचि जगाने एवं विकसित करने हेतु एक पहल है इसका प्रमुख उद्देश्य युवाओं को प्रेरित कर उच्च शिक्षा में शोध के वातावरण को मजबूत करना है। इस प्रतियोगिता के अंतर्गत युवा शोधार्थियों को उसके नवाचरित शोध प्रोजेक्ट्स एवं विचारों के लिए आमंत्रित किया जाता है। यह प्रतियोगिता प्राकृतिक विज्ञान, अभियांत्रिकी एवं तकनीक, कृषि विज्ञान, स्वास्थ्य विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, मानविकी एवं व्यवसायिक व्यवस्था समेत अन्य विषयों पर शोध पर आधारित है। प्रतियोगिता तीन स्तर पर होनी है। प्रथम स्तर (विश्वविद्यालय स्तर) में पूरे विश्वविद्यालय से कुछ चुनिंदा शोध प्रोजेक्ट्स को चुना जाना है। द्वितीय स्तर पर इन चुनिंदा प्रोजेक्ट्स का नोडल स्तर पर प्रस्तुतिकरण एवं मूल्यांकन होना है जिसमें चुने गए प्रोजेक्ट्स को पुरुष्कृत होंगे। तृतीय एवं अंतिम चरण में चुनिंदा प्रोजेक्ट्स अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तुतिकरण के पश्चात उच्च पुरुस्कार हेतु चुने जाएंगे। इस प्रतियोगिता से जुड़ी विस्तृत सूचना एवं निर्देश विश्वविद्यालय के वेबसाइट के लिंक https://ddugu.ac.in/newweb/anveshan.php पर उपलब्ध है।
“यह प्रतियोगिता UG, PG और पीएचडी के छात्र छात्राओं के लिए है। नोडल स्तर पर प्रथम, द्वितीय, एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले छात्र छात्राओं को क्रमशः 75000, 50000, 25000 का नगद पुरुष्कार दिया जाएगा। इसके लिए शोध प्रोजेक्ट्स जमा करने की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर 2024 है।”
– डॉ. अंबरीश कुमार श्रीवास्तव, समन्वयक, अन्वेषण 2024
“विश्वविद्यालय में शोध वातावरण को बढ़ाने के लिए छात्र छात्राओं को इस प्रतियोगिता में भाग लेना चाहिए। इससे उनके शोध अभिरुचि में निश्चित ही वृद्धि होगी साथ ही विश्वविद्यालय का नाम राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर निखरेगा।”
– प्रो. पूनम टंडन, कुलपति

