सूर्य प्रकाश ओझा
गोरखपुर। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने शनिवार को तहसील कैंपियरगंज का औचक निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने राजस्व अभिलेखों के रख-रखाव, लंबित मामलों, जन शिकायतों के निस्तारण, रिकॉर्ड रूम, कंप्यूटर कक्ष तथा विभिन्न पटलों की कार्यप्रणाली को बारीकी से परखा। डीएम के अचानक पहुंचने से कर्मचारियों में हड़कंप की स्थिति रही।

जिलाधिकारी सबसे पहले तहसील सभागार पहुंचे जहां उन्होंने उपस्थित अधिकारियों से तहसील क्षेत्र में चल रहे राजस्व वादों, वरासत, नामांतरण, पैमाइश और अतिक्रमण से जुड़े मामलों की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि शासन की प्राथमिकता वाले मामलों का निस्तारण समय सीमा के भीतर हर हाल में किया जाए। लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की चेतावनी भी दी।
कार्यालय व्यवस्था, अभिलेख और जनसेवा की गुणवत्ता परखी, दिए सख्त निर्देश
निरीक्षण के दौरान डीएम रिकॉर्ड रूम पहुंचे और अभिलेखों के रख-रखाव की स्थिति देखी। उन्होंने पुराने दस्तावेजों के संरक्षण, डिजिटाइजेशन की प्रगति और फाइलों की उपलब्धता के बारे में पूछा। संबंधित कर्मचारियों को निर्देशित किया कि आवश्यक अभिलेख सुव्यवस्थित तरीके से सुरक्षित रखे जाएं ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल उपलब्ध कराए जा सकें।


