कुशीनगर : नहर विभाग की लापरवाही,सांसत में अन्नदाता
सुकरौली में नहर का टूटा तटबंध, कई बीघा फसल जलमग्न,
फसल बचाने के लिए पम्पिंग सेट और नहर की बांध पर जुटे रहे किसान,
हाटा। गनेशपुर रजवाहा से होकर निकलने वाली जोल्हिनिया माइनर में बिना किसी सूचना के शुक्रवार को पानी छोड़े जाने से शनिवार को सुकरौली कस्बे से सटे नहर का तटबंध टूट गया। इससे किसानों की करीब दस एकड़ फसल बीघा जलमग्न हो गई। किसानों ने तटबंध की मरम्मत और मुआवजा दिए जाने की मांग की है।
शुक्रवार को सुबह पानी में गेहूं, मटर, चना, सरसों सहित पानी में डूबी अन्य फसलों को लेकर किसानों में नाराजगी दिखी। किसानों का कहना है कि क्षेत्र से होकर जा रही क्षतिग्रस्त नहरों की मरम्मत के लिए कई बार अधिशासी अभियंता सहित अन्य अधिकारियों से गुहार लगाई गई। इसके बावजूद इस तरफ ध्यान नहीं दिया गया।यदि ठीक से नहरों की सफाई और बांधों की मरमत हुई होती तो फसल डूबने से बच गई होती।
सुकरौली के अनिल सिंह, दिलीप,सन्तोष कुमार, बबलू आदि का कहना है कि जब भी नहर में पानी छोड़ा जाता है तो इसी स्थान पर नहर का तटबंध टूट जाता है। इससे समय-समय पर किसानों को भारी क्षति का सामना करना पड़ता है। किसानों ने जिम्मेदारों से बांधों की मरम्मत और किसानों को क्षतिपूर्ति दिलाने की मांग की है।

