अगले तीन वर्ष में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा: सीएम योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कारगिल स्मृति वाटिका में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर आयोजित ‘रजत जयंती समारोह’ को संबोधित किया
सीएम योगी ने कहा- उत्तर प्रदेश में डिफेंस कॉरिडोर के 6 नोड पर तेजी के साथ कार्य हो रहा है
बोले सीएम- कारगिल युद्ध में भारत के बहादुर जवानों ने पाकिस्तान को चारों खाने चित कर दिया था
सीएम ने कहा- आज देश में शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण है 26 जुलाई, लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अगले तीन वर्ष में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा। तीसरी अर्थव्यवस्था बनने का मतलब है कि भारत समृद्धि के नए सोपान को स्थापित करते हुए आत्मनिर्भरता के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में आगे बढ़ जाएगा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में डिफेंस कॉरिडोर के 6 नोड पर तेजी के साथ कार्य हो रहा है। यहां पर देश-विदेश की रक्षा क्षेत्र से जुड़ी हुई कंपनियां मैन्युफैक्चरिंग इकाइयां स्थापित कर रही हैं, जो रक्षा क्षेत्र में भारत की आत्मनिर्भरता का एक नया उदाहरण प्रस्तुत कर रही हैं। सीएम योगी ने शुक्रवार को कारगिल स्मृति वाटिका में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर आयोजित ‘रजत जयंती समारोह’ को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि 1999 में हुआ कारगिल का युद्ध पाकिस्तान ने छद्म तरीके से भारत पर थोपा था, जिसका हमारे बहादुर जवानों ने मुंहतोड़ जवाब देते हुए पाकिस्तान को चारों खाने चित कर दिया था। उस समय भारत ने कारगिल विजय की घोषणा करके पूरी दुनिया को अपने शौर्य और पराक्रम का लोहा मनवाया था। सीएम योगी ने कहा कि भारत एक शांतिपूर्ण देश है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों एवं आदर्शों में विश्वास करता है। यही वजह है कि भारत ने कभी किसी देश पर हमला नहीं किया।
सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश आजादी के अमृत काल में प्रवेश किया है। इसको देखते हुए हमें विकसित भारत की संकल्पनाओं को पूरा करने के लिए स्व से ऊपर उठकर कार्य करने की आवश्यकता है। मेरा और तेरा के भाव को समाप्त करते हुए हमें राष्ट्र हित को सर्वोपरि रखते हुए आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज देश में शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण है और जब किसी देश में ऐसा वातावरण बनता है तो उस देश की समृद्धि का मार्ग भी प्रशस्त होता है। सीएम योगी देश की सीमा की रक्षा में अपने प्राणों की आहुति देने वाले शहीदों की स्मृतियों को नमन करते हुए पूरे प्रदेश को कारगिल विजय दिवस की बधाई दी।
शहीदों की प्रतिमाओं पर पुष्पचक्र अर्पित किया
कार्यक्रम से पहले सीएम योगी ने कारगिल स्मृति वाटिका में लगाई गई शाहिद मेजर रितेश शर्मा, कैप्टन मनोज पांडेय, कैप्टन मनोज मिश्र, लांस नायक केवड़ा नंद द्विवेदी और राइफलमैन सुनील जंग की प्रतिमाओं पर पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनकी स्मृतियों को नमन किया।
कार्यक्रम में सीएम योगी के साथ नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा, महापौर सुषमा खर्कवाल, एमएलसी डॉ महेंद्र सिंह, मुकेश शर्मा, रामचंद्र प्रधान, पवन कुमार चौहान, इंजी.अवनीश कुमार सिंह, सोमेश त्रिवेदी, विधायक नीरज बोरा समेत अन्य गणमान्य लोग मौजूद थे।
Trending
- आज का राशिफल. 29.06.2026
- योगी का अखिलेश पर तीखा हमला, बोले- “अयोध्या को राम भक्तों ने संवारा, सपा ने चलाई थी गोलियां”
- आज का राशिफल 28.06.2026
- एनसीसी के पूर्व कैडेट्स का ऐतिहासिक संगम
- एनडीआरएफ ने एनसीसी कैडेट्स को सिखाए आपदा प्रबंधन के गुर *आपातकाल में बचाव और राहत का दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण।* संवाददाता – एस.पी. सिंह सहजनवा, (गोरखपुर)। 44वीं यूपी बटालियन एनसीसी द्वारा भोलाराम मस्करा इंटर कॉलेज, सहजनवा में आयोजित संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर-157 के नौवें दिन कैडेट्स को आपदा प्रबंधन एवं राहत कार्यों का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। 11वीं एनडीआरएफ की विशेषज्ञ टीम ने एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के माध्यम से कैडेट्स को प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के दौरान स्वयं तथा अन्य लोगों की सुरक्षित ढंग से सहायता एवं बचाव करने के प्रभावी तरीके सिखाए। कैंप कमांडेंट लेफ्टिनेंट कर्नल रमन तिवारी के अनुरोध पर, एनडीआरएफ के उपमहानिरीक्षक मनोज कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में निरीक्षक दीपक कुमार मंडल एवं उनकी टीम ने प्रशिक्षण का संचालन किया। विशेषज्ञों ने कैडेट्स को बताया कि किसी भी आपदा की स्थिति में घबराने के बजाय धैर्य, सूझबूझ और सही तकनीक के साथ कार्य करना सबसे महत्वपूर्ण होता है। प्रशिक्षण के दौरान कैडेट्स को प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड), ट्रॉमा मैनेजमेंट, हृदयाघात (हार्ट अटैक) की स्थिति में सीपीआर देने की सही विधि, बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं के दौरान बचाव एवं राहत कार्यों की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षकों ने व्यावहारिक प्रदर्शन के माध्यम से यह भी बताया कि सीमित संसाधनों और घरेलू उपयोग की वस्तुओं से किस प्रकार अस्थायी बचाव उपकरण एवं स्ट्रेचर तैयार कर घायल व्यक्तियों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया जा सकता है। एनडीआरएफ की टीम ने कैडेट्स को आपदा के समय त्वरित निर्णय लेने, टीम भावना के साथ कार्य करने तथा विपरीत परिस्थितियों में भी हिम्मत न हारने का संदेश दिया। प्रशिक्षण के दौरान कैडेट्स ने पूरे उत्साह के साथ विभिन्न बचाव तकनीकों का अभ्यास किया और विशेषज्ञों से अपने प्रश्नों के उत्तर भी प्राप्त किए। कार्यक्रम के समापन पर कैंप कमांडेंट लेफ्टिनेंट कर्नल रमन तिवारी ने 11वीं एनडीआरएफ की टीम के उत्कृष्ट प्रशिक्षण एवं सराहनीय योगदान के लिए स्मृति-चिह्न (मोमेंटो) भेंट कर उन्हें सम्मानित किया तथा कैडेट्स के लिए इस प्रशिक्षण को अत्यंत उपयोगी और जीवनोपयोगी बताया।
- रावण ने माता सीता का हरण किया था, राम मंदिर के दानपात्र में श्रद्धा की चोरी हुई” – धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयान
- गुड़-रोटी खिलाकर सीएम योगी ने की गोसेवा, गोवंश को दुलारकर दिया संरक्षण का संदेश
- जरूरतमंदों के इलाज और आवास की व्यवस्था कराएगी सरकार : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

