विधानसभा में उठा स्व. हरिशंकर तिवारी की प्रतिमा के लिए चबूतरा तोड़ने का मुद्दा, माता प्रसाद पांडेय और शिवपाल ने कही ये बात लखनऊ. यूपी की राजनीति का बड़ा नाम रहे पंडित हरिशंकर तिवारी. उनकी पहचान बाहुबली नेता के रूप में भी होती थी, उत्तर प्रदेश के पांच मुख्यमंत्रीयों के कार्यकाल में इन्हें करीब 11 वर्षों तक लगातार कैबिनेट मंत्री होने का सौभाग्य प्राप्त था.पूर्व कैबिनेट मंत्री और राजनीति में बड़े चेहरे के रूप में शुमार पंडित हरिशंकर तिवारी के गांव टाडा में उनकी प्रतिमा के लिए बनाए गए चबूतरे को जिला प्रशासन ने बुलडोजर से धराशाई कर दिया।
सियासत में स्व. हरिशंकर तिवारी की प्रतिमा के लिए बन रहे चबूतरे को तोड़ने का मुद्दा गरमाया रहा. `सोशल मीडिया साइट एक्स पर समाजवादी पार्टी चीफ अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर लिखा, “अब तक भाजपा का बुलडोज़र दुकान-मकान पर चलता था, अब दिवंगतों के मान-सम्मान पर भी चलने लगा है. चिल्लूपार के सात बार विधायक रहे यूपी के पूर्व कैबिनेट मंत्री स्व. श्री हरिशंकर तिवारी जी की जयंती पर उनकी प्रतिमा के प्रस्तावित स्थापना स्थल को भाजपा सरकार द्वारा तुड़वा देना, बेहद आपत्तिजनक कृत्य है. प्रतिमा स्थापना स्थल का तत्काल पुनर्निर्माण हो, जिससे जयंती दिवस 5 अगस्त को प्रतिमा की ससम्मान स्थापना हो सके.”`
अखिलेश यादव द्वारा पोस्ट किए जाने के बाद विधानसभा में भी नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय और `सपा विधायक शिवपाल सिंह यादव ने मुद्दा उठाया.शिवपाल यादव ने सत्र के चौथे दिन की शुरुआत होते ही इस मुद्दे को उठाया और कहा कि हरिशंकर तिवारी हमारे प्रेरणा स्रोत हैं. उन्होंने कहा कि इस मामले में समाजवादी पार्टी जांच की मांग` करती है.
उधर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या का भी बयान आया. उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि `इसके लिए गोरखपुर वाले जानें.` सपा ने गोरखपुर में पंडित हरिशंकर तिवारी की मूर्ति के लिए बन रहे फाउंडेशन को तोड़ने का मुद्दा उठाया. जिला प्रशासन ने फाउंडेशन पर बुलडोजर चलवा दिया था. इस पर सपा विधायकों ने विधानसभा में हंगामा किया.
विधानसभा के मानसून सत्र के चौथे दिन शुरुआत होते ही माता प्रसाद पांडेय ने सबसे पहले यह मुद्दा उठाया. उन्होंने कहा कि ग्राम प्रधान ने डीएम और एसडीएम को प्रस्ताव दिया और स्वीकृति मिल गई. चबूतरा मिला और गेट बन गया. अब उसे तोड़ दिया गया. इससे बहुत आक्रोश है. इस दौरान सपा `विधायकों ने नारे बाजी की और कहा कि तानाशाही नहीं चलेगी.`
क्या है मामला?
इस मुद्दे पर हंगामा बढ़ा तब स्पीकर सतीश महाना ने कहा कि मैं सरकार से क्या कहूं जब कोई नोटिस नहीं दी गई. सपा विधायक कमाल अख्तर ने भी सरकार से सवाल किए और कहा कि स्व. हरिशंकर तिवारी सात बार के विधायक रहे हैं और उनकी प्रतिमा के संदर्भ में ऐसा करना गलत है.
जानकारी के अनुसार चिल्लूपार विधानसभा से सात बार विधायक है भूतपूर्व कैबिनेट मंत्री दिवंगत हरिशंकर तिवारी के पैतृक गांव चिल्लूपार विधानसभा के बड़हलगंज टाड़ा में उनकी प्रतिमा लगने से प्रशासन और पुलिस ने रोका. मूर्ति लगाने के लिए बन रहे फाउंडेशन को जमींदोज किया. प्रशासन और पुलिस को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा. उधर, चिल्लूपार के पूर्व विधायक और हरिशंकर तिवारी के पुत्र सपा के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक विनय शंकर तिवारी ने इसे खेदजनक बताते हुए ट्वीट कर निराशा व्यक्त की है. उन्होंने कहा कि जिस सरकार में कल्याण सिंह के जमाने में उनके पिता मंत्री रहे हैं, आज इस सरकार के शासनाधीश द्वारा सत्ता के अहंकार में अपमान किया जा रहा है।उन्होंने लिखा, ” यह राजनैतिक अराजकता है .. प्रशासनिक गुंडई है ..या सत्ता का अहंकार .. नीचता निकृष्टता की पराकाष्ठा या व्यक्तिगत शत्रुता.. ब्राह्मण स्वाभिमान को चुनौती या समूची इन्सानियत की हत्या .. यह निर्णय समय पर चिल्लूपार विधान सभा के लोग तो करेंगे ही देश और प्रदेश के निवासियों को भी करना है !”
उन्होंने आगे लिखा, “वस्तुत: हो यह रहा है कि लगातार चिल्लूपार से सात बार विधायक और सन 1996 से 2007 तक उत्तर प्रदेश की भिन्न भिन्न सरकारों में कैबिनेट मंत्री रहे सम्मान व स्वाभिमान के प्रतीक स्व. पण्डित हरि शंकर तिवारी जी के जन्म दिवस 5 अगस्त को उन्हे श्रद्धांजलि अर्पित करने का मन बनाकर मेरे गांव टाड़ा के ग्रामप्रधान और ग्राम प्रबंध समिति के लोगों ने गांव के मुख्य द्वार का नामकरण उनके नाम पर करने और वहीं बगल में उनकी प्रतिमा स्थापित करने का निर्णय लिया ..विधिक रूप से प्रस्ताव बनाकर उसे स्वीकृति हेतु उपजिलाधिकारी तहसील गोला को प्रेषित किया और अपनी तैयारी में लग गए ..स्व.पंडित हरिशंकर तिवारी के कद पद प्रतिष्ठा सम्मान के अनुरूप उन्हे अपनी श्रद्धांजलि देने हेतु ग्राम वासियों के अतिरिक्त अन्य कई सारे वरिष्ठ नेताओं पूर्व मंत्रियों और क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति होनी है सो स्वाभाविक रूप से इस आयोजन को एक भव्य स्वरूप देने की तैयारी चल रही थी कि अचानक आज दिनांक 31 जुलाई को मूर्ति स्थापना हेतु निर्मित चबूतरे को ढहाने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल के साथ बुल्डोजर वाली सरकार बुल्डोजर के साथ पहुंची और निर्मित चबूतरे को ढहा दिया गया… !
इस मामले में जिलाधिकारी कृष्णा करुणेश ने कहा कि टांडा गांव में नवीन परती की जमीन पर चबूतरा बनाए जाने की शिकायत तहसील प्रशासन को मिली थी. इस मामले में प्रधान को चबूतरा न बनाने को कहा गया था, लेकिन प्रधान द्वारा ऐसा नहीं किया गया. इसके बाद तहसील प्रशासन द्वारा नियमानुसार कार्रवाई की गई है. ग्राम प्रधान दयाशंकर तिवारी ने कहा कि गांव के प्रवेश द्वार के बगल में नवीन परती की भूमि पर पूर्व मंत्री की प्रतिमा स्थापित कर श्रद्धांजलि देने के लिए, डुगडुगी पिटवाकर सर्वसम्मत से ग्राम सभा का प्रस्ताव पारित किया गया था. जिसे एसडीएम गोला को अनुमति प्रदान करने के लिए प्रस्ताव भी दिया गया था, लेकिन अनुमति क्यों नहीं मिल रही थी. ध्वस्तीकरण की कार्रवाई से पहले कोई नोटिस भी नहीं दिया गया. यह कार्रवाई गलत है.
इस मामले में गोला तहसील के एसडीएम राजू कुमार ने कहा कि राजस्व जांच में अवैध निर्माण की पुष्टि होने के बाद एक सप्ताह पहले ग्राम प्रधान से चबूतरा हटवाने को कहा गया था, लेकिन उन्होंने न तो काम रोका और नहीं निर्माण हटवाया. जिस पर कार्रवाई की गई है. इस मामले में उन्होंने बताया कि टांडा गांव के राजा वशिष्ठ तिवारी के द्वारा शिकायत की गई थी, जिसमें बताया गया था कि ग्राम सभा के प्रधान और ग्राम वासियों के द्वारा ग्राम समाज की भूमि पर मूर्ति स्थापित करने के उद्देश्य से चबूतरे का निर्माण कराया जा रहा है. ग्राम समाज की भूमि पर कोई भी निर्माण करने के लिए नियमानुसार पहले प्रस्ताव होता है, जिसके अनुसार आगे की कार्यवाही की जाएगी. बुधवार को उप जिलाधिकारी, सीओ रत्नेश्वर सिंह मौके पहुंचे. इस दौरान उन्हें ग्रामीणों के विरोध का भी सामना करना पड़ा. हरिशंकर तिवारी की जयंती (5 अगस्त) पर बड़ा आयोजन होना है।
Trending
- योगी का अखिलेश पर तीखा हमला, बोले- “अयोध्या को राम भक्तों ने संवारा, सपा ने चलाई थी गोलियां”
- आज का राशिफल 28.06.2026
- एनसीसी के पूर्व कैडेट्स का ऐतिहासिक संगम
- एनडीआरएफ ने एनसीसी कैडेट्स को सिखाए आपदा प्रबंधन के गुर *आपातकाल में बचाव और राहत का दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण।* संवाददाता – एस.पी. सिंह सहजनवा, (गोरखपुर)। 44वीं यूपी बटालियन एनसीसी द्वारा भोलाराम मस्करा इंटर कॉलेज, सहजनवा में आयोजित संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर-157 के नौवें दिन कैडेट्स को आपदा प्रबंधन एवं राहत कार्यों का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। 11वीं एनडीआरएफ की विशेषज्ञ टीम ने एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के माध्यम से कैडेट्स को प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के दौरान स्वयं तथा अन्य लोगों की सुरक्षित ढंग से सहायता एवं बचाव करने के प्रभावी तरीके सिखाए। कैंप कमांडेंट लेफ्टिनेंट कर्नल रमन तिवारी के अनुरोध पर, एनडीआरएफ के उपमहानिरीक्षक मनोज कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में निरीक्षक दीपक कुमार मंडल एवं उनकी टीम ने प्रशिक्षण का संचालन किया। विशेषज्ञों ने कैडेट्स को बताया कि किसी भी आपदा की स्थिति में घबराने के बजाय धैर्य, सूझबूझ और सही तकनीक के साथ कार्य करना सबसे महत्वपूर्ण होता है। प्रशिक्षण के दौरान कैडेट्स को प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड), ट्रॉमा मैनेजमेंट, हृदयाघात (हार्ट अटैक) की स्थिति में सीपीआर देने की सही विधि, बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं के दौरान बचाव एवं राहत कार्यों की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षकों ने व्यावहारिक प्रदर्शन के माध्यम से यह भी बताया कि सीमित संसाधनों और घरेलू उपयोग की वस्तुओं से किस प्रकार अस्थायी बचाव उपकरण एवं स्ट्रेचर तैयार कर घायल व्यक्तियों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया जा सकता है। एनडीआरएफ की टीम ने कैडेट्स को आपदा के समय त्वरित निर्णय लेने, टीम भावना के साथ कार्य करने तथा विपरीत परिस्थितियों में भी हिम्मत न हारने का संदेश दिया। प्रशिक्षण के दौरान कैडेट्स ने पूरे उत्साह के साथ विभिन्न बचाव तकनीकों का अभ्यास किया और विशेषज्ञों से अपने प्रश्नों के उत्तर भी प्राप्त किए। कार्यक्रम के समापन पर कैंप कमांडेंट लेफ्टिनेंट कर्नल रमन तिवारी ने 11वीं एनडीआरएफ की टीम के उत्कृष्ट प्रशिक्षण एवं सराहनीय योगदान के लिए स्मृति-चिह्न (मोमेंटो) भेंट कर उन्हें सम्मानित किया तथा कैडेट्स के लिए इस प्रशिक्षण को अत्यंत उपयोगी और जीवनोपयोगी बताया।
- रावण ने माता सीता का हरण किया था, राम मंदिर के दानपात्र में श्रद्धा की चोरी हुई” – धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयान
- गुड़-रोटी खिलाकर सीएम योगी ने की गोसेवा, गोवंश को दुलारकर दिया संरक्षण का संदेश
- जरूरतमंदों के इलाज और आवास की व्यवस्था कराएगी सरकार : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- आज का राशिफल 27.06.2026

