गोरखपुर/लखनऊ ब्यूरो निष्पक्ष टुडे :-
“मुझे बिना विश्वास में लिए कैसे लिए गए फैसले?” — ऊर्जा मंत्री ने बिजली दरों में वृद्धि और प्रशासनिक कार्यशैली पर उठाए गंभीर सवाल
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में बिजली दरों में बढ़ोतरी को लेकर सियासी और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने इस पूरे मामले पर कड़ी नाराजगी जताते हुए उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड के चेयरमैन को पत्र लिखकर कई गंभीर सवाल उठाए हैं।
ऊर्जा मंत्री ने अपने पत्र में कहा कि बिजली दरों में बढ़ोतरी जैसे महत्वपूर्ण फैसले उन्हें विश्वास में लिए बिना कैसे किए गए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि ऐसी महत्वपूर्ण जानकारियां उन्हें विभागीय स्तर पर न मिलकर टीवी चैनलों के माध्यम से क्यों प्राप्त हो रही हैं।

मंत्री ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि मुख्यालय स्तर पर लिए जा रहे निर्णयों और अधिकारियों की कार्यशैली से सरकार की छवि प्रभावित हो रही है। उन्होंने पूछा कि बिना पूर्व सूचना के मुख्यालय से अनुपस्थित रहने जैसी स्थितियां क्यों उत्पन्न हो रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा और यूपीपीसीएल के चेयरमैन आशीष गोयल के बीच समन्वय को लेकर लंबे समय से मतभेद की चर्चाएं चल रही थीं। अब मंत्री के इस पत्र के सामने आने के बाद दोनों के बीच टकराव खुलकर सामने आता दिखाई दे रहा है।

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