मालदीव में बड़ा राजनीतिक भूचाल: पूर्व विदेश मंत्री और UNGA अध्यक्ष रहे अब्दुल्ला शाहिद नाबालिग से यौन शोषण के आरोप में गिरफ्तारu
माले। हिंद महासागर के द्वीपीय देश मालदीव की राजनीति में सोमवार देर रात एक बड़ा भूचाल आ गया। मालदीव के पूर्व विदेश मंत्री, संसद के पूर्व स्पीकर और विपक्षी दल मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) के कद्दावर नेता अब्दुल्ला शाहिद को मालदीव पुलिस ने नाबालिग के यौन शोषण के गंभीर आरोप में गिरफ्तार कर लिया है।
मालदीव पुलिस ने अपने आधिकारिक बयान में गिरफ्तारी की पुष्टि की है। पुलिस के अनुसार, 64 वर्षीय अब्दुल्ला शाहिद को 2 नवंबर 2026 की रात करीब 9:59 बजे कोर्ट वारंट के तहत गिरफ्तार किया गया।
मालदीव पुलिस ने X (पूर्व ट्विटर) पर जारी बयान में कहा – “18 वर्ष से कम उम्र के नाबालिग के यौन शोषण के संदेह में, अब्दुल्ला शाहिद (64 वर्ष), एच. रबीई मंजिल, माले, को 2 नवंबर 2026 की रात लगभग 21:59 बजे अदालत के वारंट के तहत गिरफ्तार किया गया। पुलिस वर्तमान में इस मामले में आगे की जांच कर रही है।” e81e
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें उनके हुलहुमाले स्थित आवास Rainbow Ocean Front से हिरासत में लिया गया। पहले उन्हें हुलहुमाले पुलिस स्टेशन ले जाया गया और बाद में धूनिधू स्थित पुलिस कस्टडी सेंटर में ट्रांसफर कर दिया गया।
गिरफ्तारी से ठीक पहले शाहिद ने क्या कहा?
गिरफ्तारी से कुछ ही मिनट पहले अब्दुल्ला शाहिद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट कर सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। उन्होंने इसे राजनीतिक साजिश बताया।
शाहिद ने लिखा, “मेरे चरित्र हनन के लिए राजनीतिक रूप से प्रसारित की जा रही कहानियां पूरी तरह से निराधार झूठ हैं। मैं सभी से आग्रह करता हूं कि ऐसे अपुष्ट दावों को न फैलाएं।” e81e
उन्होंने कहा कि यह उनकी छवि को खराब करने की कोशिश है और यह पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है।
कौन हैं अब्दुल्ला शाहिद? मालदीव के सबसे प्रभावशाली चेहरों में से एक
अब्दुल्ला शाहिद को मालदीव की सबसे प्रभावशाली और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सबसे अधिक पहचानी जाने वाली हस्तियों में गिना जाता है। उनका राजनीतिक करियर चार दशकों से भी ज्यादा लंबा है।
1. दो बार विदेश मंत्री:*उन्होंने दो बार मालदीव के विदेश मंत्री के रूप में कार्य किया है। पहली बार 2007 से 2008 तक तत्कालीन राष्ट्रपति मौमून अब्दुल गयूम के कार्यकाल में, और दूसरी बार 2018 से 2023 तक पूर्व राष्ट्रपति इब्राहिम मोहम्मद सोलिह के कार्यकाल में। 3146
2. संयुक्त राष्ट्र महासभा के अध्यक्ष: शाहिद 2021 से 2022 तक संयुक्त राष्ट्र महासभा के 76वें सत्र के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। यह पद किसी मालदीवियाई नागरिक के लिए अब तक का सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय पद माना जाता है। इसी दौरान उन्हें वैश्विक स्तर पर पहचान मिली।
3. संसद के स्पीकर: वह 2009 से 2014 तक मालदीव की संसद पीपुल्स मजलिस के स्पीकर भी रहे हैं।
4. राजनीतिक सफर: उन्होंने 1984 में मालदीव के विदेश मंत्रालय से अपने करियर की शुरुआत की थी। वह 2013 में MDP में शामिल हुए थे। फरवरी 2024 में वह MDP के अध्यक्ष बने और अगस्त 2026 में उन्होंने 2028 के राष्ट्रपति चुनाव के लिए पार्टी के प्राइमरी में लड़ने के लिए इस पद से इस्तीफा दे दिया था।
राजनीतिक समय क्यों है महत्वपूर्ण? 2028 चुनाव से सीधा कनेक्शन
यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब मालदीव में 2028 में होने वाले राष्ट्रपति चुनाव की तैयारी शुरू हो गई है। अब्दुल्ला शाहिद को मौजूदा राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के खिलाफ विपक्ष का सबसे बड़ा चेहरा और संभावित उम्मीदवार माना जा रहा था।
मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) जो 2023 में सत्ता से बाहर हो गई थी, अब 2028 में वापसी की तैयारी कर रही है। शाहिद खुद को एक अनुभवी, एकजुट करने वाले और अंतरराष्ट्रीय साख वाले नेता के रूप में पेश कर रहे थे। ऐसे में उनकी गिरफ्तारी ने MDP की पूरी रणनीति पर सवाल खड़ा कर दिया है। ba1c
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मामला मालदीव की राजनीति को दो हिस्सों में बांट सकता है। सत्ता पक्ष इसे कानून का राज बता रहा है, जबकि विपक्ष इसे राजनीतिक प्रतिशोध बता रहा है। पुलिस ने अभी तक इस मामले में कोई विस्तृत सबूत या पीड़ित के बारे में कोई जानकारी सार्वजनिक नहीं की है, और कहा है कि जांच जारी है।
- फिलहाल मालदीव पुलिस ने कहा है कि जांच जारी है और आरोप अभी अदालत में साबित होने बाकी हैं। इस हाई-प्रोफाइल मामले पर न केवल मालदीव, बल्कि संमालदीव में बड़ा राजनीतिक भूचाल: पूर्व विदेश मंत्री और UNGA अध्यक्ष रहे युक्त राष्ट्र और भारत सहित पूरे दक्षिण एशिया की नजर टिकी हुई है।






